IVF centres Screening in Agra

आगरा के टेस्ट टयूब बेबी आईवीएफ सेंटरों की स्क्रीनिंग की जा रही है,

आगरालीक्स ..आगरा के टेस्ट टयूब बेबी आईवीएफ सेंटरों की स्क्रीनिंग की जा रही है, यह देखा जा रहा है कि सेंटर पर लिंग निर्धारण तो नहीं हो रहा है, उन्हें नोटिस देकर सात दिन में सेंटर पर जन्म लेने वाले शिशु मेल है या फीमेल, इसका रिकॉर्ड मांगा गया है।

इंटरनेट फोटो

आगरा में 12 आईवीएफ सेंटर हैं। एसीएम पंचम श्यामलता आनंद और एसीएमओ डॉ वीके सिन्हा की टीम ने शहर के आईवीएफ सेंटरों की जांच की। सबसे पहले टीम ने प्रोफेसर कॉलोनी स्थित डॉ नेहा अग्रवाल के मेहीहोप हॉस्पिटल को चेक किया, इसके बाद टीम ने डॉ श्रदृधा अग्रवाल के अग्रवाल इनफर्टिलिटी एंड टेस्ट टयूब बेबी सेंटर, नेहरू नगर की जांच की, डॉ रजनी पचौरी के रवि हॉस्पिटल, डॉ अमित टंडन के डॉ कमलेश टंडन टेस्ट टयूब बेबी सेंटर का रिकॉर्ड देखा। इससे पहले टीम ने डॉ गीता यादव के श्री क्रष्णा हॉस्पिटल, यमुना पार स्थित टेस्ट टयूब बेबी सेंटर की जांच की।
ताजनगरी में आईवीएफ सेंटर का बडा कारोबार
आगरा में आईवीएफ सेंटर का बडा कारोबार है, यहां के हॉस्पिटल में नए आईवीएफ सेंटर खुल रहे हैं। आस पास के जिलों के साथ ही दिल्ली सहित अन्य राज्यों के निसंतान दंपति सेंटर में इलाज कराने के लिए आ रहे हैं, 80 हजार से दो लाख में निसंतान दंपति के घर में किलकारी गूंज रही हैं। यह लगातार बढता जा रहा है।
60 की उम्र में बन रहे पिता
आईवीएफ सेंटर में अधिक उम्र में भी बच्चे पैदा कराए जा रहे हैं। पिछले कुछ महीनों में 60 की उम्र के बाद भी निसंतान दंपति के घर में किलकारी गूंजने की खबरें आ चुकी हैं। इसी तरह से एग और स्पर्म बैंक का भी आगरा में कारोबार बढता जा रहा है। इस पर भी स्वास्थ्य विभाग की नजर है। वहीं, स्पर्म और एग बैंक के लिए भी बडी संख्या में युवा आगे आ रहे हैं और स्पर्म डोनेट कर रहे हैं, इसी तरह से आगरा में सरोगेट मदर का कारोबार भी बढता जा रहा है। यहां पर आस पास के राज्यों के निसंतान दंपति के लिए महिलाएं सरोगेसी कर रही हैं।